अमित कुमार की रिपोर्ट
श्री मोदी ने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट ने जजमेंट में कहा है कि कॉमन सिविल कोड लागू होना चाहिए, यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू होना चाहिए, हत्या के मामले में जिस तरह हिंदू मुसलमान सिख ईसाई सब के लिए अलग-अलग कानून लागू नहीं है सबके लिए एक कानून लागू है, उसी तरह एक पुरुष की एक ही पत्नी होनी चाहिए तो पत्नी नहीं होनी चाहिए, किसी पत्नी को तलाक हो जाता है तो उसका कानून समान होना चाहिए, तलाक हो जाने के बाद उसे गुजारा भत्ता मिलना चाहिए, फैमिली लौ में तरीका अलग अलग हो सकता है ,किसी की शादी पंडित करेगा, किसी का मौलवी करेगा ,किसी का किरिशचन करेगा , आर्य समाज समाज शादी करवा सकता है लेकिन सबके लिए एक कानून बने यही तो सामान कानून अचार संगीता है,, कुछ जगह पर लड़कियों को लेकर दबाव है कई कानून में लड़कियों को उनके बाप दादा के संपत्ति पर अभी भी अधिकार नहीं किए गए हैं, कुछ लोग जानबूझकर दुष्प्रचार करते हैं कि आपके व्यक्तिगत कानून को खत्म कर दिया गया है यह गलत है, अगर किसी धर्म में यह कहा जा रहा है कि 4 विवाह किया जा सकता है तो क्या आज के जमाने में यह उचित होगा? कॉमन सिविल कोड जैसे आधा दर्जन मामले में कानून क्यों नहीं लागू हो रहे हैं, भारतीय जनता पार्टी किसी के लिए मांग कर रहा है,
बाइट – सुशील कुमार मोदी




