मुंगेर- चंडिका स्थान शक्ति पीठ में दुर्गा अष्टमी पर उमड़ा आस्था का सैलाब, लाखों श्रद्धालुओं ने किया दर्शन।

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रिपोर्ट- सुमित कुमार!

-मुंगेर : शारदीय नवरात्र के अवसर पर जिले के ऐतिहासिक और देश के 52 शक्ति पीठ में एक चंडिका स्थान में आस्था और श्रद्धा का जनसैलाब उमड़ पड़ा। दुर्गा अष्टमी के पावन अवसर पर मां चंडिका के दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए मुंगेर ही नहीं, बल्कि बिहार के अन्य जिलों और पड़ोसी राज्यों से भी श्रद्धालु भारी संख्या में पहुंचे। मान्यता है कि यहां मां के दरबार में सच्चे मन से मांगी गई मन्नतें अवश्य पूरी होती हैं। इसी आस्था के कारण श्रद्धालु दलिया चढ़ाकर और विधिवत पूजा कर मां का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।

चंडिका स्थान गंगा तट पर स्थित एक प्राचीन शक्तिपीठ है, जहाँ देवी सती की बायीं आँख गिरी थी। मान्यता है कि यहाँ पूजा करने से नेत्र रोगों से मुक्ति मिलती है। यह मंदिर महाभारत कालीन कथा से भी जुड़ा है, जब अंगराज कर्ण प्रतिदिन सवा मन सोना दान करते थे। मंदिर में स्थित कड़ाही और काजल प्रसिद्ध हैं। मुंगेर शहर से मात्र 2 किमी दूर स्थित यह स्थल श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। शारदीय नवरात्र और चैत्र नवरात्र में यहां विशेष भीड़ उमड़ती है। आज भी भक्त दूर-दराज से मां चंडिका के दर्शन हेतु आते हैं।

मंदिर कमेटी के सचिव सौरभ निधि ने बताया कि केवल अष्टमी के दिन ही एक लाख से अधिक श्रद्धालु मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना की। इस दौरान जिला प्रशासन और मंदिर प्रबंधन समिति की ओर से सुरक्षा और सुविधा की विशेष व्यवस्था की गई थी। श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए महिला और पुरुषों के लिए अलग-अलग कतार की व्यवस्था की गई, जिससे सभी भक्त सुगमता से दर्शन कर सके।

मां चंडिका के मंदिर को विशेष रूप से रंग-बिरंगे बल्बों और ताजे फूलों से सजाया गया था। रोशनी और फूलों से सजे परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ ने एक भव्य और दिव्य माहौल बना दिया। मंदिर में लगातार घंटियों की गूंज और मां के जयकारों से वातावरण भक्तिमय रहा।

श्रद्धालुओं का कहना था कि नवरात्र में मां चंडिका का दर्शन कर जीवन में सुख, शांति और समृद्धि प्राप्त होती है। दुर्गा पूजा के इस पावन पर्व पर चंडिका स्थान एक बार फिर आस्था और भक्ति का केंद्र बन गया, जहां लाखों श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में मत्था टेककर अपनी-अपनी मन्नतें मांगीं।
बाइट : सौरभ निधि सचिव
बाइट : नन्द बाबा पुजारी
बाइट : देवराज सुमन श्रद्धालु
बाइट :उषा गुप्ता श्रद्धालु

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