कलयुगी माँ ने 5 दिन की नवजात को प्लास्टिक में बंद कर फेंका, चाय वाले ने बचा ली जान!

SHARE:

प्रशान्त कुमार की रिपोर्ट

बेगूसराय में एक कलयुगी मां ने अपने मासूम बेटी को जन्म के 5 दिन बाद प्लास्टिक के थैले में रखकर फेंक दिया लेकिन कहावत है मारने वाला से बचाने वाला बड़ा होता है, बच्ची के थैले में रोने की आवाज सुनकर एक चाय वाले ने बच्ची को निकाला और पुलिस को सूचना दी। इसके बाद उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बरौनी में इलाज कराया गया और फिर उसे सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां बच्ची स्वस्थ है। फिलहाल बच्ची का नाम राखी रखा गया है क्योंकि रक्षाबंधन के दिन बच्ची को नया जीवन मिला है। दरअसल पूरा मामला बरौनी प्रखंड के पिपरा स्कूल के पीछे रात में एक बच्ची के रोने की आवाज आई तो पास के एक चाय दुकानदार जब मौके पर पहुंचा तो प्लास्टिक के थैले में एक बच्ची फेंकी हुई थी। चाय दुकानदार ने इसकी सूचना पुलिस को दी और पुलिस मौके पर पहुंची और बच्ची को बरौनी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। नवजात बच्ची होने की सूचना मिलते ही बेगूसराय के विशेष दत्तक ग्रहण संस्थान की ऋतु सिंह बरौनी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची और बच्ची को बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल बेगूसराय लाई जहां पर उसकी जांच पड़ताल की गई जहां बच्ची पूरी तरह से स्वस्थ है। रितु सिंह ने बताया कि 5 से 6 दिन की बच्ची लग रही है फिलहाल इसका इलाज कराया गया है और उसे जिला बाल संरक्षण इकाई के संरक्षण में रखी जाएगी और इसकी देखभाल की जाएगी साथी कोई भी निसंतान दंपति इस बच्ची को दत्तक ग्रहण केंद्र से निबंधन कर कर प्राप्त कर सकती है। बच्ची का इलाज कर रहे सदर अस्पताल के चिकित्सक कृष्ण कुमार ने बताया कि 5 से 6 दिन की बच्ची लग रही है बच्ची पूरी तरह से स्वस्थ है बच्चों को बोझ समझकर किसी मां के द्वारा इस बच्ची को फेंका गया है। इसे बाल संरक्षण इकाई के द्वारा रेस्क्यू करके लाया गया है और फिलहाल बच्ची को इलाज किया जा रहा है इलाज के बाद इसे बाल संरक्षण इकाई के हवाले किया जाएगा।

बाइट-रितु सिंह , समन्वयक सामान्य विशिष्ट दत्तक ग्रहण संस्थान , बेगूसराय
बाइट -कृष्ण कुमार, सदर अस्पताल, बेगूसराय

Join us on:

Leave a Comment