रिपोर्ट :- संतोष चौहान
सुपौल में सूखा नशा के खिलाफ लोगों का फूटा गुस्सा, सिमराही में जनजागरूकता अभियान चलाने का निर्णय
सुपौल :- राघोपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत सिमराही नगर पंचायत के वार्ड नंबर-2 स्थित दिनादास टोला में रविवार को सूखा नशा के बढ़ते प्रचलन के खिलाफ ग्रामीणों का आक्रोश खुलकर सामने आया। स्थानीय बजरंगबली मंदिर परिसर में रविवार को आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर क्षेत्र में फैल रहे नशे के कारोबार पर गहरी चिंता जताई।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि पिछले कुछ समय से इलाके में सूखा नशा प्रचलन तेजी से फैल रहा है, जिससे खासकर किशोरों और युवाओं का भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि नशीले पदार्थों की बढ़ती उपलब्धता के कारण कई परिवार प्रभावित हो रहे हैं और सामाजिक वातावरण पर इसका बहुत ही बुरा असर पड़ रहा है। लोगों ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते इस पर प्रभावी रोक नहीं लगाई गई तो स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।
ग्रामीणों ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि नशे की लत के कारण कई परिवारों की खुशियां छिन रही हैं। युवाओं का ध्यान शिक्षा और रोजगार से भटक रहा है, जिससे अभिभावकों की चिंता लगातार बढ़ रही है। लोगों ने यह भी आशंका जताई है कि नशे के बढ़ते प्रभाव से क्षेत्र में अपराध की घटनाओं में वृद्धि हो सकती है और आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
बैठक में उपस्थित लोगों ने प्रशासन से मांग करते हुए कहा है कि क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित नशे के कारोबार की गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों ने कहा कि नशे के कारोबार में संलिप्त लोगों की पहचान कर उनकी जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि समाज को इस गंभीर समस्या से राहत मिल सके।
बैठक के दौरान छात्र-छात्राओं की सुरक्षा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। अभिभावकों ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि विद्यालय और कॉलेज आने-जाने वाले विद्यार्थियों को नशे के कारण कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बनता जा रहा है, जिससे लोगों में चिंता बढ़ रही है। इस अवसर पर ग्रामीणों ने निर्णय लिया कि समाज को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने के लिए गांव-गांव और टोला-टोला में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा। युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा तथा परिवारों को भी इस दिशा में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए जागरूक किया जाएगा।
ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि अवैध नशे का कारोबार नहीं रुका और प्रशासन द्वारा प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो स्थानीय लोग संगठित होकर इस सामाजिक बुराई के खिलाफ आंदोलन को और तेज करेंगे। साथ ही नशे के कारोबार में शामिल लोगों की सूचना पुलिस को देकर उन्हें कानून के हवाले करने का भी संकल्प लिया गया।
बैठक के दौरान ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाने, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने तथा नशा तस्करों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने की मांग की है। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि प्रशासन उनकी चिंताओं को गंभीरता से लेते हुए क्षेत्र को सुरक्षित और नशामुक्त बनाने के लिए ठोस कदम उठाएगा।
बैठक में विनायक पांडेय, इंद्रमोहन पांडेय, अमित पांडेय, पवन पांडेय, वेदानंद पांडेय, प्रदीप यादव, रामचंद्र गुप्ता, मनोज गुप्ता सहित बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित थे।




