आरा/आशुतोष पाण्डेय
आरा (भोजपुर)। गड़हनी सब्जी बाजार के समीप बिजली के पोल में करंट प्रवाहित होने से एक मजदूर की मौत के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने रविवार सुबह गड़हनी पावर सब स्टेशन (पीएसएस) का घेराव कर दिया। ग्रामीण मृतक के परिजनों को तत्काल उचित मुआवजा देने की मांग कर रहे थे।
जानकारी के अनुसार, शनिवार शाम गड़हनी सब्जी बाजार के पास स्थित एक लोहे के बिजली पोल के संपर्क में आने से मंदुरा गांव निवासी स्व. प्रभु चौधरी के 32 वर्षीय पुत्र गुरुचरण चौधरी की मौत हो गई थी। घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त हो गया।
रविवार सुबह करीब सात बजे बड़ी संख्या में ग्रामीण गड़हनी पावर सब स्टेशन पहुंच गए और बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्यालय का घेराव कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक मृतक के आश्रितों को उचित मुआवजा नहीं दिया जाएगा, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
घटना की सूचना मिलते ही गड़हनी थानाध्यक्ष कमलजीत कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। कई जनप्रतिनिधियों ने भी पहुंचकर मृतक परिवार को मुआवजा दिलाने की मांग का समर्थन किया। काफी समझाइश के बाद स्थिति सामान्य हुई।
थानाध्यक्ष ने ग्रामीणों से कहा कि वे बिजली विभाग को आवेदन दें, ताकि विभागीय स्तर पर मुआवजा संबंधी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सके। इसके बाद ग्रामीणों ने कनीय अभियंता को आवेदन सौंपकर उचित मुआवजा दिलाने की मांग की।
गड़हनी पावर सब स्टेशन के कनीय अभियंता निर्मल कुमार ने कहा कि विभागीय नियमों के तहत जो भी मुआवजा देने की प्रक्रिया होगी, उसे पूरा कराने का प्रयास किया जाएगा।
विभाग पर लापरवाही का आरोप
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बिजली विभाग की लापरवाही के कारण ही मजदूर की जान गई। उनका कहना है कि गड़हनी सब्जी बाजार में प्रतिदिन सैकड़ों लोगों की आवाजाही होती है, लेकिन वहां लगे लोहे के बिजली पोलों पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं।
ग्रामीणों के अनुसार, सार्वजनिक स्थानों पर लगे लोहे के बिजली पोलों में करंट से बचाव के लिए रबर कवर अथवा अन्य सुरक्षा उपाय किए जाने चाहिए, लेकिन बाजार क्षेत्र में लगे दर्जनों पोलों पर ऐसी कोई व्यवस्था नहीं है। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सुरक्षा मानकों को तत्काल लागू करने की मांग की है।




