रिपोर्टर शुभम सिन्हा!
आरा शहर में विजयादशमी के अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा जिला स्कूल मैदान परिसर में भव्य उत्सव सह शस्त्र पूजन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर सैकड़ों स्वयंसेवक पारंपरिक गणवेश में शामिल हुए और अनुशासन व उत्साह का परिचय दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रार्थना और ध्वज वंदन के साथ हुआ। जिसके बाद विजयादशमी के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डाला।
इस दौरान एकलगीत, संघ संदेश और बौद्धिक कार्यों को लेकर जानकारी दी गई। शस्त्र पूजन की परंपरा के अंतर्गत स्वयंसेवकों ने अपने-अपने शस्त्रों की पूजा-अर्चना कर राष्ट्र रक्षा और समाज सेवा के संकल्प को दोहराया। कार्यक्रम के दौरान स्वयंसेवकों ने शाखा की विभिन्न क्रियाओं का प्रदर्शन किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौजूद थे, जिन्होंने स्वयंसेवकों की गतिविधियों को सराहा गया। वहीं संघ चालक डॉक्टर अशोक कुमार सुब्बू ने बताया कि विजयादशमी का पर्व हमें असत्य पर सत्य और अन्याय पर न्याय की विजय का संदेश देता है। शस्त्र पूजन केवल प्रतीकात्मक नहीं, बल्कि यह आत्मबल, अनुशासन और राष्ट्र के प्रति समर्पण का संकल्प है।
स्वयंसेवकों ने समाज और राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना का प्रतीक बताते हुए सभी ने एकजुट होकर सेवा और सद्भाव का संदेश दिया। वहीं पूजन के दौरान उपेन्द्र त्यागी जी का प्रांतीय बौद्धिक प्रमुख उद्बोधन हुआ और अंत में पदसंचलन पूरे शहर में निकला। जो शहर के विभिन्न मार्गों से गुजरा। यह पदसंचलन साल में दो बार होता है।




