पंकज कुमार जहानाबाद ।
जिला पदाधिकारी अलंकृता पाण्डेय की अध्यक्षता में स्थानीय अब्दुलबारी नगर भवन में फरोग-ए-उर्दू सेविनार एवं मुशायरा कार्यक्रम का दीप प्रज्जवलित कर उद्घाटन किया गया। जिला पदाधिकारी ने बताया कि जिस प्रकार हिन्दी भाषा का महत्व है उसी प्रकार उर्दू का भी महत्व है। कई लोगो को पता ही नहीं होता कि वे अपने बोल-चाल की भाषा में कई उर्दू के लफ्जों का प्रयोग कर लेते है। हिन्दी एवं उर्दू दोनो हीं भाषा में काफी तहज़ीब है, इस लिए हमें दोनो का ज्ञान होना चाहिए। उन्होंने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि जिस प्रकार हिन्दु धर्म के छोटे-छोटे बच्चों द्वारा उर्दू भाषा में गीत की प्रस्तुति दी गई, यह सही मायने में गंगा-जमुना की तहज़ीब को दर्शाता है।
जिला पदाधिकारी द्वारा के लाईफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड से मो. अली सालीम, गड़ेरियाखंड, जहानाबाद को तथा जफर इमाम जाफर काकवी, सैयद टोला, काको को स्मृति चिन्ह एवं पौधा भेंट कर सम्मानित किया।
फरोग-ए-उर्दू सेविनार एवं मुशायरा कार्यक्रम में स्वागत भाषण प्रभारी पदाधिकारी, जिला उर्दू भाषा कोषांग, जहानाबाद द्वारा दिया गया तथा जिला पदाधिकारी, अपर समाहर्त्ता ब्रजेश कुमार, उप विकास आयुक्त धनंजय कुमार एवं अनुमंडल पदाधिकारी, जहानाबाद राजीव रंजन सिन्हा सैयद सलमान हुसैन को अंगवस्त्र एवं पौधा देकर स्वागत किया। साथ हीं उर्दू कार्यकर्त्ता स्वतंत्रता सेनानी और लाईफ टाईम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित स्वर्गीय लतीफ शमसी की आत्मा की शांति के लिए एक मिनट का मौन रखा गया। साथ हीं जिला उर्दू नामा का विमोचन (इजरा) जामिया कायनात इंटरनेशनल स्कूल एवं जामिया कायनात मदरसा के छात्रों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर किया गया। कार्यक्रम में आलेख पाठक का व्याख्यान डॉ0 इमरान अरशद, डॉ0 यासमीन बानो एवं प्रोफेसर गुलाम असदक द्वारा किया गया। इसके अतिरिक्त डेलीगेट का व्याख्यान डॉ0 मो0 महमूद आलम, तमकीन जहरा एवं मो0 आबिद हुसैन द्वारा किया गया, जबकि छात्र-छात्राओं की पेपर प्रस्तुति सदफ प्रवीण, मो0 मंसूर अख्तर, मो0 कामरान, पायल कुमारी एवं नाज बानों द्वारा किया गया।
फरोग-ए-उर्दू सेविनार एवं मुशायरा कार्यक्रम प्रो0 शकील काकवी द्वारा मंच का संचालन किया ।




