रिपोर्ट- शशिकांत मिश्रा!
लखीसराय जिला समाहरणालय परिसर में स्थित मंत्रणा कक्ष के सभागार में जिलाधिकारी मिथिलेश मिश्र की अध्यक्षता में दिवाली छठ पूजा और काली पूजा को लेकर जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक संपन्न हुई। डीएम एवं एसपी अजय कुमार के उपस्थिति में आयोजित संयुक्त बैठक में इन आयोजनों को लेकर जारी दिशा निर्देश और मापदंडों को अनुपालन कराए जाने पर बल दिया गया।
जबकि जिले के पूर्व से 74 चिह्नित स्थलों पर सशस्त्र पुलिस बल के साथ पुलिस पदाधिकारी एवं दंडाधिकारी नियुक्त रहेंगे। सभी 206 घाट को खतरनाक घोषित किया गया है, उसमें भी 60 घाट को विशेष रूप से चिन्हित किया गया है। इन जगहों पर विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश जारी किया गया है। दीपावली को लेकर मजिस्ट्रेट पुलिस बल की नियुक्ति 31 अक्टूबर से 1 नवंबर तक जारी रहेगा जबकि शहर में धनतेरस को लेकर बाजार में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था रखने का निर्देश दिया गया है।खासकर हर हाल में सभी सीसीटीवी का रिस्टोरेशन कराकर उसके माध्यम से असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखने सांप्रदायिक तनाव वाले अफवाह से बचने, नदी, तालाब के छठ घाट पर सुरक्षात्मक उपाय को लेकर चर्चा हुई। विभिन्न समितियां संगठनों द्वारा भी अपनी-अपनी समस्या रखी गई। बैठक में मुख्य रूप से प्रतिबंधित पटाखे से परहेज रखने और समय का ध्यान रखने का निर्देश दिया गया। जबकि हथियार प्रदर्शन पर कड़ी कार्रवाई करते हुए हर्ष फायरिंग पर नजर रखने को लेकर भी कहा गया है।पटाखा के भंडारण और बिक्री पर नजर रखने, मिठाई की क्वालिटी पर भी ध्यान देने पर बल दिया गया। किसी भी तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन बिना अनुमति के नहीं किया जाएगा। इसके लिए दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी को चौकस रहने को कहा गया है। ट्रैफिक पुलिस को यातायात संचालन दुरुस्त करने धनतेरस को लेकर चिह्नित स्थलों पर स्टैटिक फोर्स की तैनाती, लाइटिंग की व्यवस्था, मेला या पटाखा वाले स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एहतियाती कदम उठाने को लेकर निर्देशित किया गया। डीजे बजाने या अश्लील गाने पर नृत्य के कार्यक्रम पर पूर्णतः रोक के अनुपालन पर जोर दिया गया है।




