:- रवि शंकर अमित!
नेपाल एवं सीमावर्ती राज्यों के मछली के बाजार में बिहार के मत्स्य पालकों की मछली की पहुंच सुनिश्चित की जाय ।
सुधा के माध्यम से दुग्ध का उत्पादन 40 लाख लीटर प्रतिदिन से बढ़ाकर 1 करोड़ 25 लाख लीटर प्रतिदिन करने का लक्ष्य।
मत्स्य का उत्पादन 9 लाख मीट्रिक टन प्रतिवर्ष से बढ़ाकर 25 लाख मीट्रिक टन प्रतिवर्ष करने का लक्ष्य।
पटना, 24 मई 2026 :- मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज लोक सेवक आवास, 1 अणे मार्ग में डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग की समीक्षा की।
समीक्षा के दौरान डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग के सचिव श्री शीर्षत कपिल अशोक ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं तथा भावी कार्य योजनाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने कॉम्फेड के माध्यम से राज्य के पशुपालकों को उन्नत नस्ल के पशु- गाय, भैंस, बकरी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने कहा कि इसमें महिला पशुपालाकों को प्राथमिकता दी जाय। मुख्यमंत्री ने नेपाल एवं सीमावर्ती राज्यों के मछली के बाजार में बिहार के मत्स्य पालकों की मछली की पहुंच सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया। उन्होंने मत्स्य का उत्पादन बढ़ाने का निर्देश दिया और कहा कि मत्स्य का उत्पादन 9 लाख मीट्रिक टन प्रतिवर्ष से बढ़ाकर 25 लाख मीट्रिक टन प्रतिवर्ष सुनिश्चित कराया जाय।
समीक्षा के क्रम में मुख्यमंत्री ने सुधा के माध्यम से दुग्ध का उत्पादन 40 लाख लीटर प्रतिदिन से बढ़ाकर 1 करोड़ 25 लाख लीटर प्रतिदिन करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता जन कल्याण है। किसानों, पशुपालकों की आमदनी बढ़ाने एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिये सरकार तेजी से काम कर रही है।
बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव श्री लोकेश कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव श्री संजय कुमार सिंह, सहकारिता विभाग के सचिव श्री धर्मेन्द्र सिंह, डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग के सचिव श्री शीर्षत कपिल अशोक सहित डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग एवं सहकारिता विभाग के अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।




