संवाददाता :- विकास कुमार!
खबर सहरसा से है जहां कोशी बराज से पांच लाख क्यूसेक से ज्यादा पानी छोड़े जाने के बाद नवहट्टा प्रखंड़ के सात पंचायत कैदली, हाटी, बकुनियां, डरहार, नौला, सत्तौर, शाहपुर पंचायत के रामजी टोला जो कोशी तटबंध के अंदर के लगभग चार दर्जन गांव में पानी घुसना शुरू हो गया है,जिससे लोगों में काफी दहशत का माहौल है,कोशी बराज से इस डिस्चार्ज के बाद कोशी नदी उग्र रूप में है वहीं प्रशासन का इंतजाम न काफी है,लोगों को बाहर निकलने के लिए न तो नाव की व्यवस्था की गई है न ही किसी जगह को चिन्हित कर कम्युनिटी किचेन की व्यवस्था की गई है,वहीं अब जब कोशी नदी उफान पर है तो रेन कट पर मिट्टी भरा बोड़ा दिया जा रहा है।वहीं प्रशासन पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए कहते है प्रशाशन पहले कोई सूचना नहीं दिया जब बराज का 56 फाटक खोल दिया गया तब जाकर माइकिंग कराया जा रहा है सुरक्षित और ऊंचे जगह पर जाने के लिए,ऐसे में सवाल है आखिर जो लोग गांव में है सरकारी नाव की व्यवस्था नहीं है तो वो कोशी तटबंध के अंदर से कैसे निकले,वहीं नवहट्टा प्रखंड़ के अंचलाधिकारी की मानें तो नेपाल से पांच लाख दस हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया है संभावना है देर रात तक जलस्तर में बढ़ोतरी होगी, नाव की व्यवस्था कराई गई है कम्युनिटी किचेन के लिए जगह चिन्हित की जा रही है, प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है।




