प्रशान्त कुमार की रिपोर्ट :-
बेगूसराय बरौनी रिफाइनरी में डिजिटल माध्यम से राजभाषा कार्यन्वयन समिति की बैठक कार्यपालक निदेशक बरौनी रिफाइनरी के प्रमुख सह नगर समिति के अध्यक्ष राजेंद्र कुमार झा की अध्यक्षता में बैठक संपन्न हुआ। यह बैठक वर्ष 2022 की पहली छ्माही बैठक समिति के द्वारा आयोजित की गई। नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति, बरौनी के सदस्य सचिव सह वरिष्ठ हिंदी अधिकारी बरौनी रिफायनरी के शरद कुमार ने बैठक की रूपरेखा प्रस्तुत किया बैठक में आए हुए सभी प्रतिनिधियों का स्वागत किया बैठक में पिछली क्रियाकलाप पर चर्चा हुई वही हिन्दी के प्रगामी प्रयोग की समीक्षा की गई। बैठक को संबोधित करते हुए कार्यपालक निर्देशक बरौनी रिफाइनरी के राजेंद्र कुमार झा ने कहा कि अध्यक्ष का दायित्व ग्रहण करने के बाद आप लोगों से ये मेरी पहली मुलाक़ात है। और जैसा कि आप सभी जानते हैं कार्यालय के कामकाज में राजभाषा हिन्दी के प्रयोग को बढ़ाने और उसके प्रगामी प्रयोग को सुनिश्चित करने के लिए गृह मंत्रालय के राजभाषा विभाग ने देश के उन सभी नगरों में जहां केंद्रीय सरकार के 10 या इससे अधिक कार्यालय हैं। और नगर राजभाषा कार्यान्वयन समितियों का भी गठन किया गया है। हमें राजभाषा संबंधी अपनी उपलब्धियों को साझा करने कार्यान्वयन में आ रही समस्याओं और चुनौतियों पर विचार-विमर्श करने के लिए एक मंच प्रदान किया है। आज तकनीकी ने हमें अवसर दिया है कि हम सभी अपने-कार्यालयों में हिन्दी के प्रयोग से सुगमता से कर सकें। विभिन्न तकनीकी साधनों की मदद से हिन्दी में कार्य करना बहुत ही सरल हो गया है। भारत सरकार को हम सभी से अपेक्षा है कि हम सभी हिन्दी के प्रयोग को बढ़ाएं। बैठक में कार्यालय प्रमुख का शामिल होना अनिवार्य है इसे सुनिश्चित करना होगा। वार्षिक कार्यक्रम के अनुपालन को अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करने की आवश्यकता है। कार्यालयों में हिन्दी के प्रयोग को बढ़ाने के लिए ई-टूल्स का प्रयोग अधिक से अधिक करेंगे ताकि निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त किया जा सके।
प्रगामी प्रयोग की समीक्षा के पश्चात बैठक में उपस्थित भारत सरकार के प्रतिनिधि निर्मल कुमार दूबे, सहायक निदेशक ने भारत सरकार की अपेक्षाओं और अनिवार्यताओं पर प्रकाश डाला और कार्यान्वयन को बढ़ाने और आंकड़ों के संकलन में उपयोगी मदों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि कार्यालय में जांच बिन्दु स्थापित करें और उसका कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करेंगे। धारा 3(3) अनिवार्य रूप से द्विभाषी में ही जारी करें। हिन्दी पत्राचार में हिन्दी ई-मेल की भी गणना करें। हिन्दी प्रचार के लिए अलग से रजिस्टर बनाएं ताकि रिपोर्ट भरने के साथ-साथ निरीक्षण के समय भी सुगमतापूर्वक आंकड़ें उपलब्ध हो सकें। मूल काम अधिक से अधिक हिन्दी में करने का प्रयास करें। उन्होने ने रिपोर्ट तैयार करते समय सभी मदों को ध्यानपूर्वक पढ़ने पर विशेष ज़ोर दिया। बैठक में केंद्रीय विद्यालय, सीआरपीएफ़, सीआईएसएफ़, यूको बैंक, भारतीज जीवन बीमा निगम, बरौनी रिफाइनरी, यूनियन बैंक, नवोदय विद्यालय और अन्य सरकारी कार्यालयों के कार्यालय प्रमुख और प्रतिनिधि बैठक में शामिल हुए।




