रिपोर्ट – अभिषेक कुमार!
एसी-2 में ‘गांजा गर्ल’! सात लाख मूल्य का 15.8 किलो की खेप के साथ युवती राजधानी एक्सप्रेस से गिरफ्तार
ट्रेनों में मादक पदार्थों की तस्करी का तरीका बदल रहा है और अब महिलाओं के इस्तेमाल का मामला भी सामने आने लगा है। गया जंक्शन पर सोमवार की रात भुवनेश्वर तेजस राजधानी एक्सप्रेस के एसी-2 टियर कोच से एक युवती को 15 किलो 800 ग्राम गांजा के साथ गिरफ्तार किए जाने के बाद रेल पुलिस की जांच का दायरा बढ़ गया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब सात लाख रुपये बतायी जा रही है।
गुप्त सूचना के आधार पर आरपीएफ, सीआईबी और जीआरपी की संयुक्त टीम ने ट्रेन में निगरानी शुरू की थी। एसी-2 कोच में यात्रा कर रही युवती की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर टीम ने उसे रोककर तलाशी ली। उसके पास मौजूद बैग की जांच की गई तो उसमें गांजे की बड़ी खेप बरामद हुई। पुलिस ने गांजा जब्त कर युवती को गिरफ्तार कर लिया।
झाझपुर से दिल्ली तक का सफर, बीच में गया में खुला राज
आरपीएफ इंस्पेक्टर बनारसी यादव के अनुसार, गिरफ्तार युवती झाझपुर से नई दिल्ली जा रही थी। वह गया की रहने वाली बतायी गयी है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा कहां से लाया गया था और दिल्ली में इसे किसे सौंपा जाना था। पूछताछ के आधार पर इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।
एसी कोच बना तस्करों का नया रास्ता?
इस कार्रवाई ने रेलवे में मादक पदार्थों की तस्करी के बदलते तौर-तरीकों पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। सामान्य भीड़भाड़ वाले डिब्बों के बजाय एसी कोच में यात्रा और महिला यात्री के जरिए खेप ले जाने का तरीका जांच एजेंसियों के लिए अहम बिंदु बन गया है। हालांकि, युवती किसी बड़े नेटवर्क का हिस्सा है या उसे सिर्फ डिलीवरी के लिए इस्तेमाल किया गया, इसका खुलासा जांच पूरी होने के बाद ही होगा।
पटना-समस्तीपुर के बाद गया में महिला के जरिए गांजा तस्करी
हाल के दिनों में पटना और समस्तीपुर में महिलाओं के शराब तस्करी में पकड़े जाने के मामले सामने आए हैं। अब गया जंक्शन पर युवती के गांजे के साथ पकड़े जाने से जांच एजेंसियों के सामने एक और सवाल खड़ा हो गया है—क्या तस्कर महिलाओं और युवतियों को पुलिस की नजर से बचने के लिए ‘कूरियर’ के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं?
समस्तीपुर में एसी फर्स्ट क्लास से विदेशी शराब के साथ एक युवती और उसके जीजा की गिरफ्तारी तथा पटना जंक्शन पर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा के शराब के साथ पकड़े जाने के बाद अब गया की घटना ने इस पैटर्न को लेकर चर्चा तेज कर दी है।
रेल पुलिस अब सिर्फ बरामद गांजे तक जांच सीमित रखने के बजाय सप्लायर, रिसीवर और पूरे तस्करी नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है। सात लाख रुपये की गांजे की खेप के साथ एसी-2 कोच में सफर कर रही युवती की गिरफ्तारी ने फिलहाल गया रेलवे जंक्शन पर मादक पदार्थों की तस्करी को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।



